ब्रह्माण्ड

ब्रह्माण्ड सम्पूर्ण समय और अंतरिक्ष और उसकी अंतर्वस्तु को कहते हैं।[1][2][3][4] ब्रह्माण्ड में सभी ग्रह, तारे, गैलेक्सिया,खगोलिए पिण्ड, गैलेक्सियों के बीच के अंतरिक्ष की अंतर्वस्तु, अपरमाणविक कण, और सारा पदार्थ और सारी ऊर्जा शामिल है।[5] अवलोकन योग्य ब्रह्माण्ड का व्यास वर्तमान में लगभग 28 अरब पारसैक (91.1 अरब प्रकाश-वर्ष) है।[6] पूरे ब्रह्माण्ड का व्यास अज्ञात है, और ये अनन्त हो सकता है।

===== ओमब्रह्राण्ड ===== भारतीय मुल्क के युवा वैज्ञानिक ओम प्रकाश कुमार ने हाल्ही आइएसीओ के अपने रिसर्चर मे बताया कि ब्रह्मांड एक नियमित प्रक्रम है, जिसका योग तो शून्य होगी ही, बल्कि नियत भागफल भी शून्य हो, जिस बिन्दु पर ये घटना होगी, उसे ओमब्रह्राण्ड नाम दिया, कुमार के अनुसार ये मान गुरूत्व से प्रभावित नही है।

इन्हें भी देखें

सन्दर्भ

  1. Universe. Webster's New World College Dictionary, Wiley Publishing, Inc. 2010.
  2. "Universe". Dictionary.com. अभिगमन तिथि 2012-09-21.
  3. "Universe". Merriam-Webster Dictionary. अभिगमन तिथि 2012-09-21.
  4. Zeilik, Michael; Gregory, Stephen A. (1998). Introductory Astronomy & Astrophysics (4th संस्करण). Saunders College Publishing. आई॰ऍस॰बी॰ऍन॰ 0030062284. The totality of all space and time; all that is, has been, and will be.
  5. "आख़िर कितने ब्रह्मांड हैं?".
  6. Itzhak Bars; John Terning (2009). Extra Dimensions in Space and Time. Springer. पपृ॰ 27ff. आई॰ऍस॰बी॰ऍन॰ 978-0-387-77637-8. अभिगमन तिथि 2011-05-01.

7^ "नय नियमों का प्रयोजन ओम प्रकाश कुमार ने किया है"

बाहरी कड़ियाँ

This article is issued from Wikipedia. The text is licensed under Creative Commons - Attribution - Sharealike. Additional terms may apply for the media files.